कुछ संकेत भी देते हैं तिल

Jyotirvid Boxer Dev Goswami

4th July 2020

चेहरे पर तिल का अलग ही आकर्षण होता है, कई तिल तो आपके सौदर्य में चार चांद लगा देते हैं तो कई तिल चेहरे को असुन्दर भी बना देते हैं। किन्तु शरीर में जो तिल होते हैं उन सबका अलग-अलग प्रभाव और महत्त्व होता है। कोई तिल शरीर पर शुभ होता है तो कोई तिल अशुभ, आईए जानें कौन-सा तिल कहां शुभ है और कहां अशुभ।

कुछ संकेत भी देते हैं तिल

मनुष्य के शरीर की रचना जब गर्भ में हो रही होती है तभी उसके शरीर के अंग में तिलों का निर्माण भी होता है। कुछ तिल जन्म के साथ शरीर में होते हैं, कुछ जन्म के बाद एक निश्चित आयु होने पर शरीर पर आते हैं। आपने ऐसे भी लोग देंखे होंगे जिनके शरीर पर बहुत सारे तिल होते हैं विशेषत: चेहरे पर अत्यधिक तिल नजर आते हैं।

तिल काले रंग के होते हैं, कुछ तिल शरीर में हल्का सा लाल रंग लिए भी होते हैं। स्त्रियों के शरीर के बाएं अंगों पर पाए जाने वाले तिल शुभ होते हैं तो पुरुषों के शरीर के दाएं अंग पर तिल शुभ संकेत देते हैं-

  • माथे के बाई तरफ तिल हो तो जीवन कष्टपूर्ण बना रहता है। जीवन में कोई न कोई परेशानी लगी रहती है। इसके विपरीत दाईं ओर हो तो सुख की प्राप्ति होती है, सौभाग्य और धन में वृद्वि होती है।
  • तिल अगर भौहों के बीच में हो, तो व्यक्ति का वैवाहिक जीवन सुखमय होता है।
  • ठुड्डी पर तिल हो तो ऐसे जातक को जीवन भर प्रेम और स्नेह में परेशानियों का सामना करना पड़ता है। ठुड्डी के बीच से हटकर, अगर तिल हो तो ऐसे जातक धनी होते हैं।
  • दाईं आंख पर तिल हो तो ऐसे जातकों को प्रेम प्राप्त होता है।
  • बाई आंख पर तिल हो तो ऐसे जातक अभिमानी होते हैं और अपना कार्य बनवाने के लिए कुटिल योजनाएं भी बनाते हैं।
  • आखों की पलकों के पास तिल हो तो ऐसा जातक प्राय: दुखी रहता है।
  • कनपटी पर तिल हो तो व्यक्ति घूमने-फिरने वाला होता है और साथ में अगर कुण्डली के अन्दर चन्द्र और शनि की दृष्टि अथवा युति हो तो व्यक्ति सभी भावनाओं का त्याग कर संन्यास धारण कर लेता है।
  • अगर ऊपर वाले होंठ पर तिल हो तो व्यक्ति सम्मानित होता है, समाज में उसका मान-सम्मान होता है।
  • नीचे के होंठ पर तिल हो तो व्यक्ति कंजूस प्रवृत्ति का होता है।
  • नीचे के होंठ पर तिल हो तो ऐसी स्त्रियों के चाहने वालों की कमी नहीं होती, लोग इनके दीवाने होते हैं, ऐसी स्त्रियों को भोग विलास की प्रचुर सामग्री मिलती है।
  • नाक पर तिल हो तो ऐसा जातक नए-नए कपड़े पहनने का शौकीन होता है एवं आभूषण प्रिय भी।
  • नाक की नाक पर तिल हो तो ऐसा जातक बुद्धिमान होता है।
  • नाक की बाई ओर तिल हो तो ऐसे जातकों का जीवन संघर्ष से युक्त रहता है।
  • नाक की दाई ओर तिल हो तो ऐसे जातक कामुक प्रवृत्ति के होते हैं।
  • बाएं गाल पर अगर तिल हो तो ऐसा जातक खर्चीला होता है।
  • दाएं गाल पर तिल होने से व्यक्ति अपनी पूंजी धन को आगे बढ़ाकर धन प्राप्त करता है।
  • कान पर तिल होने से व्यक्ति की श्रवण शक्ति अच्छी होती है। वह कानों में सोने के आभूषण भी पहनता है और ज्ञानवान होता है।
  • गले पर तिल होने से आयु में वृद्धि होती है। ऐसे जातकों को भोग-विलास की सुविधा मिलती है जिसके कारण वे अकसर मोटे हो जाते हैं किन्तु अगर कन्धे और गर्दन के मध्य या जोड़ पर तिल हो तो उनकी हत्या का योग बनता है, इसलिए ऐसे जातकों को सावधान रहना चाहिए।
  • कमर पर तिल हो तो व्यक्ति के जीवन में दुख आते हैं।
  • महिलाओं की कमर पर तिल हो तो स्त्री प्रिय रोमांस होती हैं, इनके पास खूब धन आता है और खर्च भी दिल खोल कर करती है।
  • कोहनी के नीचे तिल होने से व्यक्ति को पुत्र का सुख नहीं मिलता।
  • हाथों की अगुंलियों के बीच में तिल हो तो व्यक्ति को सौभाग्य की प्राप्ति होती हैं।
  • हथेली में चन्द्र पर्वत पर तिल हो तो ऐसे जातकों को पानी से दूर रहना चाहिए, गहरी नदी, नाले, समुन्द्र उनके लिए घातक सिद्ध हो सकते हैं।
  • हथेली में गुरू पर्वत पर तिल हो तो उसका वैवाहिक जीवन सुखमय नहीं रहता, किसी न किसी बात पर लड़ाई-झगड़ा, नौक-झोंक लगी रहती है।
  • हथेली में शनि पर्वत पर तिल होने से जातक का विवाह विलंब से होता है अथवाअविवाहितरहने का योग श्री बनता है।
  • सूर्यपर्वत पर तिल होने से सामाजिक मर्यादा को ठेस पहुंचती है।
  • बुध पर्वत पर तिल होने से व्यापार में अचानक नुकसान होता है।
  • शुक्र पर्वत पर तिल होने से व्यक्ति की पीठ पीछे बुराइयां होती हैं उसके गुप्त शत्रु होते हैं।
  • मस्तिष्करेखा पर तिल होने से सिर दर्द अथवा सिर से सम्बन्धित समस्या रहती है, कई बार तनाव भी रहता है।
  • पेट पर तिल हो तो व्यक्ति को दुखों की प्राप्ति होती है किंतु साथ में व्यक्ति उत्तम भोजन करने का शौकीन भी होता है।
  • जिन व्यक्तियों की बायीं छाती पर तिल होता है उनके दाम्पत्य जीवन में लड़ाई-झगड़ा रहता है और इसके विपरीत दायीं छाती पर तिल होने से व्यक्ति अपनी पत्नी से प्रेम करता है और अगर दोनों छातियों के बीच में तिल हो तो दाम्पत्य जीवन सुखमय व्यतीत होता है।
  • महिलाओं की नाभी के नीचे अगर तिल हो तो धन प्राप्ति होती है। अगर नाभी से ऊपर तिल है तो एक दुख समाप्त होने के बाद दूसरा आ जाता है।
  • पेडू पर तिल हो तो धन की प्राप्ति होती है।
  • गुप्तांगोंपर तिल व्यक्ति की कामुक प्रवृत्ति को दर्शाता है। ऐसे जातक भोग-विलास प्रिय होते हैं।
  • गुदा पर तिल होने से व्यक्ति को धन की प्राप्ति होती है।
  • दाईं जांघ पर तिल हो तो ऐसे जातकों में साहस होता है, वे प्रत्येक परिस्थितियों का मुकाबला करते हैं।
  • बाईं जांघ पर तिल वाले व्यक्ति किसी न किसी कला में निपुण होते हैं और प्रेम के द्वारा अपना काम बनवा लेते हैं।
  • दाएं घुटने पर तिल होने से व्यक्ति को मित्रता का सुख प्राप्त होता है।
  • बाएं घुटने पर तिल है तो ऐसा व्यक्ति जीवन में चुनौतियों को स्वीकार कर कर्जा लेने से नहीं घबराता परन्तु बहुत जल्दबाजी भी दिखाता है। कई बार घुटनों पर तिल मूत्र अथवा गुप्त रोग संबंधी बीमारियां भी देता है।
  • दाएं पैर पर तिल होने से व्यक्ति यात्रा के द्वारा धन अर्जित करता है और उसकी यात्राएं सुखद होती हैं।
  • बाएं पैर पर तिल होने से अनावश्यक यात्राओं से परेशानी होती है।
  • व्यक्ति के पैरों के तलवों पर अगर तिल हो तो उसका स्वास्थ्य खराब रहता है।
  • दाएं पैर की एड़ी में तिल होने से विदेश यात्रा का सौभाग्य प्राप्त होता है।
  • पैर की अंगुलियों में तिल हो तो व्यक्ति बंधन में रहता है।
  • पैर की अंगूठे पर तिल होने से व्यक्ति का अपनी जाति में सत्कार होता है।

कई बार किसी परिवार के लोगों में शरीर पर ज्यादा तिल हो तो उनके यहां जन्म लेने वालों जातकों के शरीर पर तिल ज्यादा भी पाए जाते हैं।कभी-कभी धूप में ज्यादा घूमने-फिरने वालों व्यक्तियों के भी शरीर में तिलों का निर्माण हो जाता है।

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